सुनो नंदी!

दक्षिण में पाँव पाँव पर प्रभु अपने साकार रूप में विराजमान है. कहीं भी निकल पड़िए, श्लोक उच्चारण, मंदिर की घंटी, नाद के स्वर, हाथों में पूजन सामग्री और मुख पर प्रभु-दर्शन का भाव लिए आपको श्रद्धालु निरंतर दिखाई देंगे। प्रसिद्ध मंदिरों की तो बात ही क्या करनी, यहाँ-वहाँ बने छोटे छोटे मंदिर भी आपको भाव में डुबोने में सक्षम हैं. ऐसा ही एक मंदिर है भोग-नन्दीश्वर, बंगलोर के निकट ही, नंदी हिल्स नाम से प्रसिद्ध पहाड़ी की तलहटी में. […]